देश के आईपीओ मार्केट में बहार है. एक के बाद कई कंपनियां अपना इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग यानी आईपीओ (IPO) ला रही हैं. मर्चेंट बैंकर्स के मुताबिक, आईपीओ का बाजार चालू जनवरी-मार्च की तिमाही में भी गुलजार रहेगा. इस तिमाही के दौरान 23 कंपनियां आईपीओ के जरिए 44 हजार करोड़ रुपये जुटाने की तैयारी कर रही हैं. आईपीओ से फंड जुटाने के मामले में टेक्नोलॉजी आधारित कंपनियां सबसे आगे रहेंगी.

63 कंपनियों ने आईपीओ से जुटाए रिकॉर्ड ₹1.2 लाख करोड़

इससे पहले 2021 में 63 कंपनियों ने आईपीओ के जरिए रिकॉर्ड 1.2 लाख करोड़ रुपये की राशि जुटाई थी. इन कंपनियों के अलावा पावरग्रिड इनविट (InvIT) ने आईपीओ के माध्यम से 7,735 करोड़ रुपये जुटाए थे, वहीं ब्रुकफील्ड इंडिया रियल एस्टेट ट्रस्ट ने रीट (REIT) के जरिए 3,800 करोड़ रुपये की राशि जुटाई थी.

इन कंपनियों के आएंगे आईपीओ

मर्चेंट बैंकर्स ने कहा कि मार्च तिमाही के दौरान जिन कंपनियों के आईपीओ के जरिए फंड जुटाने की उम्मीद है, उनमें ओयो (8,430 करोड़ रुपये) और डेल्हीवरी (7,460 करोड़ रुपये) शामिल हैं. इनके अलावा अडाणी विल्मर (4,500 करोड़ रुपये), एमक्योर फार्मास्युटिकल्स (4,000 करोड़ रुपये), वेदांत फैशंस (2,500 करोड़ रुपये), पारादीप फॉस्फेट्स (2,200 करोड़ रुपये), मेदांता (2,000 करोड़ रुपये) और इक्सिगो (1,800 करोड़ रुपये) के आईपीओ भी तिमाही के दौरान आने की उम्मीद है. मर्चेंट बैंकर्स ने बताया कि स्कैनरे टेक्नोलॉजीज, हेल्थियम मेडटेक और सहजानंद मेडिकल टेक्नोलॉजीज भी मार्च तिमाही के दौरान आईपीओ ला सकती हैं.

रिकूर ​​क्लब के फाउंडर एकलव्य ने कहा, ”कंपनियों द्वारा आईपीओ के जरिए लिस्टिंग जनता से पूंजी जुटाने के लिए की जाती है, जिससे उनके शेयर की लिक्विडिटी बढ़ती है और साथ ही वैल्यूएशन डिस्कवरी में भी मदद मिलती है.”

वैश्विक स्तर पर विस्तार करना चाहती हैं टेक कंपनियां

लर्नऐप.कॉम के फाउंडर और सीईओ प्रतीक सिंह ने कहा कि टेक्नोलॉजी कंपनियां अब वैश्विक स्तर पर विस्तार करना चाहती हैं और इसके लिए उन्हें फंड की जरूरत होती है. ऐसे में वे आईपीओ रूट के जरिए फंड जुटाना पसंद करती हैं.