घरेलू विमानन कंपनी इंडिगो ने 1 अप्रैल से अपने पायलटों के वेतन में 8 फीसदी की बढ़ोतरी कर दी है. इंडिगो ने संचालन सेवाओं के धीरे-धीरे पटरी पर लौटने के बाद अपने पायलटों का वेतन बढ़ाया है. गौरतलब है कि कोविडो-19 महामारी से पर्यटन क्षेत्र के बुरी तरह प्रभावित होने के बाद इंडिगो ने अपने पायलटों समेत कई श्रेणी के कर्मचारियों के वेतन में कटौती की थी.

नंवबर में दोबारा वृद्धि की उम्मीद

घरेलू उड़ानों का परिचालन पिछले साल अक्टूबर में पूरी तरह से शुरूकिए जाने के बाद से विमानन उद्योग में बहार लौट आई है. कंपनी का कहना है कि अगर आगे उड़ान संचालन में कोई समस्या नहीं आती है तो नवंबर में फिर से पायलटों के वेतन में 6.5 फीसदी की बढ़ोतरी की जाएगी. कंपनी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष (उड़ान संचालन) आशिम मित्रा ने कहा है, “हम एक सकारात्मक राजस्व वातावरण की आशा करते हैं और उम्मीद है कि हम संचालन में कोई और रुकावट नहीं देखेंगे. हम 1 नवंबर से वेतन में अतिरिक्त 6.5 प्रतिशत संशोधन को लागू करने की भी योजना बना रहे हैं.” उन्होंने कहा कि नई वेतन संरचना कुछ दिनों में जारी कर दी जाएगी.

कटौती की भरपाई

कोरोना वायरस के प्रसार के बाद से विदेशी व घरेलू नियमित उड़ानों को पूरी तरह बंद कर दिया गया था. हालांकि, सरकार की निगरानी में कुछ चुनिंदा उड़ाने जारी थी लेकिन महामारी के कारण अन्य क्षेत्रों के साथ-साथ एविएशन उद्योग को भारी नुकसान हुआ था. कई लोगों को नौकरी गंवानी पड़ी थी तो कई कर्मचारियों व अधिकारियों के वेतन में कटौती हुई थी. इससे इंडिगो भी अछूता नहीं रहा था. कंपनी ने मई 2020 में अपने पायलटों के वेतन में 40 फीसदी की कटौती थी की. यह वेतन वृद्धि उसी कटौती की भरपाई है.

प्रतिबंध हटने से राहत

हालांकि, अब कोविड-19 के मामले कम होने के साथ ही प्रतिबंध हटाए जाने के बाद दोबारा से विमानन क्षेत्र में रौनक लौट आई है. घरेलू उड़ानों के साथ भारत ने अब अंतर्राष्ट्रीय उड़ानें भी शुरू कर दी हैं. इंडिगो समेत अन्य विमानन कंपनियां अंतर्राष्ट्रीय उड़ानों पर बड़ा दांव लगा रही हैं. इंडिगो की अप्रैल के महीने में 150 अंतर्राष्ट्रीय मार्गों पर उड़ान शुरू करने की योजना है. बिज़नेस या अन्य कामकाज संबंधी यात्रियों की संख्या में तेज़ी के साथ ही घरेलू यात्रियों की संख्या भी कोविड-19 पूर्व स्तर के 80-85 फीसदी तक पहुंच गई है.