राकेश झुनझुनवाला समर्थित एयरलाइन कंपनी अकासा एयर की सेवाएं जून से शुरू होने की संभावना है. परिचालन शुरू करने के लिए अकासा एयर नागरिक उड्ययन मंत्रालय और नागरिक उड्ययन महानिदेशालय (DGCA) से सभी जरूरी लाइसेंस लेने के लिए तेजी से काम कर रही है.

यह जानकारी हैदराबाद में हुए एक एयर शो में अकासा एयर के चीफ एक्‍जीक्‍यूटिव विनय दूबे ने दी. हालांकि दूबे ने यह नहीं बताया कि शुरूआत में कंपनी किन शहरों के लिए फ्लाइट चलाएगी. पिछले साल नवंबर में ही आकासा एयर ने 72 बोइंग 737 मैक्‍स जेट (Boeing 737 MAX Jet) विमानों का ऑर्डर दिया था.

मिल चुकी है एनओसी

कंपनी का लक्ष्‍य लॉंच के 12 महीनों के भीतर 18 विमान अपने बेड़े में शामिल करने का है. साथ ही अकासा एयर 5 साल के भीतर अपने बेड़े में 72 विमान शामिल करेगी.  कंपनी को आने वाले महीनों में विमान के पहले बैच की डिलीवरी मिलने की उम्मीद है. पिछले साल अक्टूबर में सरकार की ओर से अकासा की पैरेंट कंपनी एसएनवी एविएशन प्राइवेट लिमिटेड को अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) मिला था. आमतौर पर एनओसी मिलने के बाद किसी एयरलाइन को एयर ऑपरेटर का परमिट (एओपी) प्राप्त करने में छह महीने का समय लगता है.

जेट एयरवेज भी जल्‍द दोबारा भरेगी उड़ान

जेट एयरवेज के विमान जल्‍द ही आसमान में उड़ान भरते नजर आएंगे. एयरलाइन के नए प्रमोटर जालान-कालरॉक कंसोर्टियम  एयरलाइन को दोबारा शुरू करने के लिए जी जान से जुटे हैं. जेट एयरवेज के नए प्रमोटर नागरिक उड्डयन मंत्रालय, भारत सरकार और नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) के साथ मिलकर इस एयरलाइन को दोबारा चालू करने की सभी प्रक्रियाएं पूरी कर रहे हैं.

गौरतलब है कि कर्ज में दबने के कारण जेट एयरवेज अप्रैल 2019 में बंद हो गई थी. भारी कर्ज के चलते 17 अप्रैल 2019 को एयरलाइन बंद हो गई. जब कंपनी बंद हुई तो केवल 16 प्लेन इसके पास रह गए थे. पिछले साल सितंबर में, जालान-कालरॉक रिजॉल्यूशन कंसोर्टियम ने कहा था कि एयरलाइन 2022 की तीसरी-चौथी तिमाही से छोटी अंतरराष्ट्रीय उड़ानें शुरू करेगी. जेट एयरवेज के नए प्रमोटर जालान जहां दुबई में रहने वाले भारतवंशी हैं बिजनेसमैन हैं, वहीं कालरॉक कैपिटल मैनेजमेंट लिमिटेड फाइनेंशियल एडवाइजरी और अल्टरनेटिव एसेट मैनेजमेंट के क्षेत्र में काम करने वाली लंदन बेस्ड ग्लोबल फर्म है.