कोरोना वायरस के खिलाफ जंग में दिल्ली की जनता ने अपना दमखम दिखा दिया है, क्योंकि वैक्सीनेशन की रफ्तार में सभी महानगरों में दिल्ली टॉप पर काबिज है. दिल्ली की 90 फीसदी वयस्क आबादी पूरी तरह से वैक्सीनेटेड हो चुकी है. जी हां, सरकारी आंकड़ों की मानें तो आम जनता के लिए कोविड-19 के खिलाफ टीकाकरण शुरू होने के एक साल बाद शहर की 1.3 करोड़ या 90% से अधिक वयस्क आबादी अब पूरी तरह से वैक्सीनेटेड (टीकाकरण) हो चुकी है. दूसरी ओर 15-17 वर्ष आयु वर्ग के 70% किशोर भी टीकाकरण करवा चुके हैं. बता दें कि इस आयु वर्ग को दो महीने पहले ही टीकाकरण के लिए योग्य माना गया था.

दरअसल, पिछले महीने की शुरुआत में राजधानी दिल्ली यह लक्ष्य हासिल करने वाला एकमात्र भारतीय शहर बन गया है, जिसने कोरोना के खिलाफ तीन करोड़ से अधिक देने खुराक देने का मील का पत्थर साबित किया है. इतना ही नहीं, लगभग 6 सप्ताह बाद यह अभी भी दिल्ली एकमात्र ऐसा शहर है, जिसने इस आंकड़े को पार किया है, जिसमें करीब 3.2 करोड़ कुल वैक्सीन की खुराक लग चुकी है. दिल्ली के अलावा अन्य महानगरों की बात करें तो भारत की आर्थिक राजधानी मुंबई ने दो करोड़ का आंकड़ा पार कर लिया है, इसके बाद बेंगलुरु 1.8 करोड़ और पुणे ने 1.7 करोड़, जबकि अन्य दो महानगरीय शहर- चेन्नई और कोलकाता में लगभग एक करोड़ वैक्सीन का टीकाकरण कर लिया है.

केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के CoWIN डैशबोर्ड के अनुसार, दिल्ली में अब तक कुल 3,19,15,293 वैक्सीन की डोज लग चुकी है. इसमें 1,33,75,498 वयस्क लाभार्थियों की संख्या है, जिन्हें 19 मार्च 2022 तक पूरी तरह से टीका लगाया गया है. वहीं, 60 वर्ष से अधिक आयु के लोगों, स्वास्थ्य कर्मियों और अग्रिम पंक्ति के कार्यकर्ताओं को दिए गए बूस्टर शॉट्स की कुल संख्या 4,56,820 थी. दिल्ली में 16 जनवरी से 31 जुलाई तक दी जाने वाली वैक्सीन की कुल खुराक एक करोड़ का आंकड़ा पार कर गई थी, वहीं 23 अक्टूबर 2021 को तीन महीने से भी कम समय में यह आंकड़ा दो करोड़ के आंकड़े तक पहुंच गया, क्योंकि अगस्त और सितंबर में अधिक लोगों को वैक्सीनेटेड किया गया था. वहीं, अगले करीब तीन से साढ़े तीन महीने के भीतर एक और करोड़ का आंकड़ा पार किया गया. इस तरह से इस टाइम फ्रेम में तीन करोड़ से अधिक खुराकें लगीं.

टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के मुताबिक, दिल्ली में टीकाकरण के लिए योग्य लोगों की संख्या लगभग 1.4 करोड़ है, जिसमें से 90% से अधिक वयस्कों को पूरी तरह से टीका लगाया गया है. जो लोग दूसरी खुराक लेने से इनकार कर रहे हैं, उन्हें टीका दिलवाने और सौ फीसदी का आंकड़ा छूने के लिए जिला अधिकारी हर संभव प्रयास कर रहे हैं. बता दें कि 16 जनवरी, 2021 को टीकाकरण अभियान शुरू हुआ, तब स्वास्थ्य कर्मियों और फ्रंट लाइ वर्कर्स को सबसे पहले वैक्सीन की खुराक दी गई और इसके बाद 60 साल से अधिक उम्र के लोगों को वैक्सीन दी गई.