तेल सप्‍लाई पर प्रतिबंध लगाने की तैयारी में जुटे अमेरिका और यूरोप को रूस ने दो टूक चेतावनी दी है. रूस के एक मंत्री ने कहा कि अगर यूरोपीय संघ हमारे ऊपर इस तरह के प्रतिबंध लगाने की सोच रहे हैं तो कच्‍चा तेल 300 डॉलर में खरीदने को तैयार रहें.

रूस के डिप्‍टी प्राइम‍ मिनिस्‍टर अलेक्‍जेंडर नोवाक ने कहा है कि अगर रूस से कच्‍चे तेल की सप्‍लाई पर प्रतिबंध लगाया जाता है तो पश्चिमी देशों को 300 डॉलर प्रति बैरल के भाव खरीद के लिए तैयार रहना होगा. ऐसे किसी भी प्रतिबंध का ग्‍लोबल मार्केट पर बड़ा असर दिखेगा. रूस की ग्‍लोबल क्रूड सप्‍लाई में 8 फीसदी जबकि यूरोप को सप्‍लाई में 30 फीसदी हिस्‍सेदारी है.

अमेरिका ने पिछले दिनों कहा था कि हम यूरोपीय यूनियन के साथ मिलकर रूस की क्रूड सप्‍लाई रोक देंगे. इसके बाद ग्‍लोबल मार्केट में क्रूड 139 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया था.

बंद कर देंगे जर्मनी की गैस सप्‍लाई

नोवाक ने यूरोपीय देशों को चेतावनी देते हुए कहा, रूस की एनर्जी सप्‍लाई पर प्रतिबंध लगाने की सोचना भी नहीं, वरना हम जर्मनी को होने वाली गैस पाइपलाइन सप्‍लाई को बंद कर देंगे. अगर यूरोप हमसे तेल खरीद बंद करना चाहता है तो उसे इसकी भरपाई करने में एक साल से ज्‍यादा समय लगेगा. इस दौरान महंगा तेल खरीदने के लिए भी तैयार रहना होगा.

यूरोप को सोच-समझकर फैसला करना होगा

नोवाक ने कहा कि यूरोपीय देशों को अपने हित के बारे में सोचना चाहिए. हम तो पहले से ही ऐसी स्थिति के लिए तैयार बैठे हैं. अगर हमारी सप्‍लाई वहां प्रभावित होगी तो हम अन्‍य मार्केट में सप्‍लाई शुरू कर देंगे. यूरोप हमसे अपनी जरूरत का 40 फीसदी गैस खरीदता है. हमारी आपूर्ति बंद होने से इसकी भरपाई कैसे करेंगे. फिलहाल हम ऐसा कोई प्रतिबंध लगाने की नहीं सोच रहे, लेकिन यूरोप आगे बढ़ेगा तो हम भी मजबूर हो जाएंगे.