कोरोना की तीसरी लहर की रफ्तार थोड़ी कम पड़ती नज़र आ रही है. हर रोज़ 3 लाख के आंकड़े को पार करने बाद इन दिनों ढाई लाख के आस-पास केस आ रहे हैं. कई एक्सपर्ट्स भी दावा कर रहे हैं कि कोरोना का पिक खत्म हो चुका है. लिहाज़ केंद्र सरकार स्कूल को दोबारा खोलने पर विचार कर रही है. कहा जा रहा है कि स्कूल को खोलने को लेकर केंद्र सरकार जल्द ही एडवाइज़री जारी कर सकती है.

समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने स्कूल को फिर से खोलन को लेकर नेशनल एक्सपर्ट ग्रुप से सुझाव मांगे हैं. एएनआई को एक सूत्र ने कहा कि कोरोना का असर सभी उम्र के बच्चों पर पड़ा है. लेकिन बच्चों में मृत्यु दर और बीमारी की गंभीरता न के बराबर है. स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना ​​​​है कि बच्चों के स्कूलों में लौटने का समय आ गया है.

जल्द होगा फैसला

बता दें कि कोरोना के चलते मार्च 2020 से ही फिजिकल क्लास नहीं हो रहे हैं. हालांकि कुछ राज्यों ने बीच में स्कूल खोलने का फैसला किया था, लेकिन पेरेंट्स बच्चों को कोरोना के डर से स्कूल भेजने के पक्ष में नहीं थे. फिलहाल 15-17 साल के बच्चों को कोरोना की वैक्सीन लगने के बाद केंद्र सरकार दोबार स्कूल खोलना चाहती है. हालांकि कहा जा रहा है कि केंद्र सरकार स्कूल को पूरी तरह खोलने के फैसले का अधिकार राज्यों को दे सकती है.

आज होगी रिव्यू मीटिंग

इस बीच केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री मनसुख मांडविया आठ राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में कोविड-19 की मौजूदा स्थिति पर चर्चा के लिए आज एक समीक्षा बैठक करेंगे. ये समीक्षा बैठक वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिये शुक्रवार दोपहर ढाई बजे आयोजित होगी, जिसमें मांडविया आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल, तेलंगाना, लक्षद्वीप, तमिलनाडु, पुडुचेरी और अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में कोविड-19 की मौजूदा स्थिति तथा वायरस के ओमीक्रोन स्वरूप को फैलने से रोकने के लिए तैयारियों का जायजा लेंगे.