टाटा कन्सल्टेंसी सर्विसेज (TCS) दुनिया में दूसरी सबसे बड़ी मूल्यवान आईटी ब्रांड बन गई है. दुनिया की टॉप-25 कंपनियों में टीसीएस के अलावा पांच अन्य भारतीय आईटी कंपनियां भी जगह बनाने में कामयाब रहीं.

ब्रांड मूल्यांकन करने वाली कंपनी ब्रांड फाइनेंस ने एक रिपोर्ट में बताया कि दुनिया की सबसे मूल्यवान आईटी ब्रांड की सूची में इन्फोसिस तीसरे स्थान पर कायम है. इसके अलावा, आईटी क्षेत्र की चार अन्य बड़ी घरेलू कंपनियों ने भी टॉप-25 में अपनी स्थिति मजबूती से बनाए रखी है. विप्रो सातवें, एसचीएल आठवें, टेक महिंद्रा 15वें और एलटीआई 22वें स्थान पर हैं.

एसेंचर इस साल भी सबसे मजबूत ब्रांड

एसेंचर दुनिया की सबसे मूल्यवान और मजबूत आईटी सर्विस ब्रांड बनी हुई है. रिपोर्ट के मुताबिक, उसकी ब्रांड वैल्यू 36.2 अरब डॉलर है. एसेंचर 2021 में भी सबसे मूल्यवान और मजबूत आईटी सर्विस ब्रांड थी. टीसीएस ने पिछले वर्ष के मुकाबले 12 फीसदी और 2020 की तुलना में 24 फीसदी वृद्धि की है. उसकी ब्रांड वैल्यू 16.8 अरब डॉलर है.

भारतीय आईटी कंपनियों ने अमेरिका को पीछे छोड़ा

भारत की विभिन्न आईटी सर्विस ब्रांड ने 2020 से 2022 के बीच 51 फीसदी की औसत वृद्धि की. इस दौरान अमेरिका की आईटी कंपनियों की ब्रांड में सात फीसदी की गिरावट आई. यही वजह है कि अमेरिकी कंपनी आईबीएम 2022 की सूची में दूसरे स्थान से खिसककर चौथे स्थान पर पहुंच गई है. उसकी ब्रांड वैल्यू 16.05 अरब डॉलर से घटकर 10.5 अरब डॉलर रह गई है.

इन्फोसिस सबसे तेजी से बढ़ने वाली कंपनी

सूची में तीसरे स्थान पर कायम इन्फोसिस दुनियाभर में सबसे तेजी से बढ़ते आईटी सेवाप्रदाता ब्रांड के रूप में उभरी है. पिछले वर्ष की तुलना में उसकी ब्रांड वैल्यू 52 फीसदी और 2020 की तुलना में 80 फीसदी बढ़ी है. 2022 में उसकी ब्रांड वैल्यू 12.8 अरब डॉलर है.

टीसीएस पर ग्राहकों का भरोसा

टीसीएस की मुख्य विपणन अधिकारी राजश्री आर ने कहा कि यह रैंकिंग कंपनी के लिए एक अहम पड़ाव है. यह बाजार में कंपनी की बढ़ती प्रासंगिकता और ग्राहकों के लिए उसके नवोन्मेष एवं परिवर्तन की पुष्टि करता है.