प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में बुधवार को हुई कैबिनेट की बैठक में कई अहम फैसले हुए. कैबिनेट ने प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण यानी पीएमएवाई-जी को मार्च 2024 तक जारी रखने को मंजूरी दी है.

बैठक के बाद केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कैबिनेट के फैसले की जानकारी दी. उन्होंने कहा कि पीएमएवाई-जी के तहत ग्रामीण इलाकों में सभी को आवास सुनिश्चित किया जा सकेगा. केंद्रीय मंत्री ने बताया कि वर्ष 2016 में ग्रामीण क्षेत्रों में सभी को आवास के संबंध में आकलन किया गया था कि 2.95 करोड़ लोगों के पक्के मकान की जरूरत होगी. इसमें बड़ी संख्या में परिवारों को आवास प्रदान किए गए हैं.

ठाकुर ने कहा कि शेष परिवारों को भी आवास मिल सके, इसके लिये इस योजना को 2024 तक जारी रखने का निर्णय किया गया है. सरकारी बयान के अनुसार, इस योजना के तहत शेष 1.55 करोड़ मकानों के निर्माण के लिए वित्तीय प्रभाव 2.17 करोड़ रूपये आएगा जिसमें केंद्र की हिस्सेदारी 1.25 लाख करोड़ रूपये तथा राज्य की हिस्सेदारी 73,475 करोड़ रूपये होगी. इसके तहत नाबार्ड को अतिरिक्त ब्याज के पुन: भुगतान के लिए 18,676 करोड़ रूपये की अतिरिक्त जरूरत होगी.

केन-बेतवा प्रोजेक्ट होगा लिंक

इसके अलावा मोदी सरकार ने केन-बेतवा लिंक प्रोजेक्ट को मंजूरी दे दी है. अनुराग ठाकुर ने बताया कि 44,605 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले केन बेतवा नदियों को जोड़ने वाली इस प्रोजेक्ट को 8 साल में पूरा किया जाएगा. इस राष्ट्रीय प्रोजेक्ट में केंद्र सरकार का योगदान 90 फीसदी होगा.