मौसम एक बार फिर करवट बदलने वाला है. मौसम विभाग ने दिसंबर में तेज ठंड का अनुमान जताया है. पश्चिमी विक्षोभा के 30 नवंबर से उत्‍तर-पश्चिम और उससे सटे मध्‍य भारत को प्रभावित करने की संभावना है. पश्चिमी विक्षोभ के कारण उत्‍तर पश्चिम और उसके आसपास के मध्‍य भारत में जल्‍द बारिश हो सकती है, जिसके कारण ठंड का और भी ज्‍यादा एहसास होगा. वहीं एक चक्रवाती तूफान  के शनिवार की सुबह आंध्र प्रदेश और ओडिशा के तटवर्ती क्षेत्रों में पहुंचने का अनुमान है.

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों के अनुसार दिल्‍ली की हवा हर दिन और भी खराब होती जा रही है. बुधवार की सुबह के आंकड़ों को देखें तो राजधानी का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 412 पर पहुंच गया है. बता दें कि एक्यूआई को शून्य से 50 के बीच ‘अच्छा’, 51 से 100 के बीच ‘संतोषजनक’, 101 से 200 के बीच ‘मध्यम’, 201 से 300 के बीच ‘खराब’, 301 से 400 के बीच ‘बहुत खराब’ और 401 से 500 के बीच ‘गंभीर’ माना जाता है. राष्ट्रीय राजधानी में पिछले 12 दिनों से ‘गंभीर’ प्रदूषण की स्थिति बनी हुई है. विशेषज्ञों ने इसके लिए लंबे समय तक मानसून के मौसम के कारण पराली जलाने की सबसे ज्यादा घटनाओं वाली अवधि करीब एक सप्ताह आगे बढ़ने को जिम्मेदार ठहराया है. .

मौसम विभाग के मुताबिक, पश्चिमी विक्षोभ के चलते महाराष्‍ट्र, गुजरात और दक्षिण-पश्चिम मध्य प्रदेश और दक्षिण राजस्थान में गरज के साथ तेज बारिश की संभावना बनी हुई है. आईएमडी ने बादलों की चाल को देखते हुए दिसंबर के पहले सप्‍ताह में गुजरात में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई है. इस दौरान पश्चिम मध्य प्रदेश, पूर्वी राजस्थान, हरियाणा, पश्चिम उत्तर प्रदेश में गरज के साथ हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है.