रिलायंस इंडस्ट्रीज ने एनर्जी के क्षेत्र में एक और बड़ी डील की है. RIL ने 12 अक्टूबर को ऐलान किया कि उसकी सोलर यूनिट रिलायंस न्यू एनर्जी सोलर लिमिटेड ने डेनमार्क की Stiesdal A/S के साथ पार्टनरशिप की है. दोनों कंपनियां मिलकर हाइड्रोजन इलेक्ट्रोलाइजर्स बनाएंगी. रिलायंस न्यू एनर्जी सोलर लिमिटेड ने मंगलवार को एक्सचेंज को दी गई जानकारी में यह बताया कि Stiesdal A/S डेनमार्क की कंपनी है. यह क्लाइमेट चेंज मिटिगेशन से जुड़ी कमर्शियलाइज टेक्नोलॉजी बनाती है. Stiesdal की स्थापना हेनरिक द्वारा की गई है. पवन ऊर्जा के क्षेत्र में यह दुनिया की अग्रणी कंपनी है. साथ ही वैश्विक नवीकरणीय उद्योग में यह अलग सोच रखने वाली कंपनी है.

बता दें, Stiesdal जलवायु संकट का मुकाबला करने के लिए कई तकनीकों के विकास और व्यावसायीकरण में लगी हुई है. हाइड्रोजेन इलेक्ट्रोलाइजर्स के लिए इस नई तकनीक में ऊर्जा उत्पादन की लागत में महत्वपूर्ण कमी लाने की क्षमता है.

वर्तमान में उपलब्ध technologies के मुकाबले इस तकनीक से सस्ती ग्रीन हाइड्रोजन बनाने का रास्ता खुलता है. साथ ही भारत के green energy के क्षेत्र में निर्धारित लक्ष्य को प्राप्त करने में यह एक महत्वपूर्ण कदम होगा.