झुनझुनावाला ने कुछ दिनों पहले ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की थी जिसकी ख़ूब चर्चा हुई थी. Akasa Airline को ऐसे वक़्त में मंज़ूरी मिली है जब देश में उड्डयन उद्योग कोविड-19 महामारी के प्रभाव से उबर रहा है. लॉकडाउन और यात्रा से जुड़ी पाबंदियों के कारण कई एयरलाइंस को अरबों डॉलर का घाटा हुआ है. हालाँकि इसके बावजूद आने वाले दिनों में भारत को एयरलाइंस के लिए ‘हॉट मार्केट’ के तौर पर देखा जा रहा है.

Akasa Air ब्रैंड के तहत आने वाले एसएनवी एविएशन ने एक बयान में बताया है कि उसे नागरिक उड्डयन मंत्रालय से ‘नो ऑब्जेक्शन सर्टिफ़िकेट’ मिल गया है. बयान में उम्मीद जताई गई है कि एयरलाइन 2022 की गर्मियों से उड़ानें शुरू कर देगी.

शेयर बाज़ार में अपने सफल निवेश के कारण ‘भारत के वॉरेन बफ़ेट’ के नाम से जाने जाने वाले राकेश झुनझुनवाला ने इंडिगो के पूर्व सीईओ आदित्य घोष और जेट एयरवेज के पूर्व सीईओ विनय दुबे के साथ मिलकर भारत में घरेलू उड़ानों के लिए एयरलाइन शुरू करने की योजना बनाई थी.