प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में देश की आजादी के अमृत महोत्सव के अवसर पर ‘न्यू अर्बन इंडिया’ थीम के साथ केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय व नगर विकास विभाग, उत्तर प्रदेश के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित तीन दिवसीय कार्यक्रम की शुरुआत की. इस दौरान पीएम ने कहा कि मुझे अच्छा लगा कि 3 दिनों तक लखनऊ में भारत के शहरों के नए स्वरूप पर देशभर के विशेषज्ञ एकत्र होकर मंथन करने वाले हैं. यहां जो प्रदर्शनी लगी है, वो आजादी के इस अमृत महोत्सव में 75 साल की उपलब्धियां और देश के नए संकल्पों को भलीभांति प्रदर्शित करती हैं.

पीएम ने कहा, ‘मुझे इस बात की भी खुशी होती है कि देश में पीएम आवास योजना के तहत जो घर दिए जा रहे हैं, उनमें 80 प्रतिशत से ज्यादा घरों पर मालिकाना हक महिलाओं का है या फिर वो ज्वाइंट ओनर हैं.’ प्रधानमंत्री ने कहा कि लखनऊ ने अटल जी के रूप में एक विजनरी, मां भारती के लिए समर्पित राष्ट्रनायक देश को दिया है. आज उनकी स्मृति में, बाबा साहब भीमराव अंबेडकर यूनिवर्सिटी में अटल बिहारी वाजपेयी चेयर स्थापित की जा रही है.

बता दें, पीएम मोदी ने साल 2014 से पहले की यूपीए सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि 2014 के बाद से मंजूरी दी है. इसमें से 50 लाख से ज्यादा घर बनाकर, उन्हें गरीबों को सौंपा भी जा चुका है.

प्रधानमंत्री ने कहा- ‘हमारे यहां कुछ महानुभाव कहते हैं कि मोदी ने क्या किया? आज पहली बार मैं ऐसी बात बताना चाहता हूं जिसके बाद बड़े-बड़े विरोधी, जो दिन रात हमारा विरोध करने में ही अपनी ऊर्जा खपाते हैं, वो मेरा ये भाषण सुनने के बाद टूट पड़ेंगे. मेरे जो साथी, झुग्गी-झोपड़ी में जिंदगी जीते थे, उनकी पास पक्की छत नहीं थी, ऐसे तीन करोड़ परिवारों को लखपति बनने का अवसर मिला है. प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत देश में जो करीब-करीब 3 करोड़ घर बने हैं, आप उनकी कीमत का अंदाजा लगाइए. ये लोग लखपति बने हैं.

पीएम ने कहा कि शहरी मिडिल क्लास की परेशानियों और चुनौतियों को भी दूर करने के लिए हमारी सरकार ने बहुत गंभीर प्रयास किया है. रेरा कानून ऐसा एक बड़ा कदम रहा है. इस कानून ने पूरे हाउसिंग सेक्टर को अविश्वास और धोखाधड़ी से बाहर निकालने में बहुत बड़ी मदद की है. उन्होंने कहा कि LED स्ट्रीट लाइट लगने से शहरी निकायों के भी हर साल करीब 1 हज़ार करोड़ रुपये बच रहे हैं. अब ये राशि विकास के दूसरे कार्यों में उपयोग में लाई जा रही है. LED ने शहर में रहने वाले लोगों का बिजली बिल भी बहुत कम किया.