वॉट्सऐप कई नए फीचर्स पर काम कर रहा है. यह बेहद पापुलर चैटिंग ऐप जिस नए फीचर पर काम कर रहा है, वह वॉयस ट्रांसक्रिप्शन (Voice Transcription) फीचर है. वॉट्सऐप ने पहले वॉयस ट्रांसक्रिप्शन को संभालने के लिए एक थर्ड-पार्टी ऐप जोड़ने पर विचार किया था. हालांकि नई रिपोर्ट के अनुसार, वॉट्सऐप ने इस मामले को अपने हाथों में ले लिया है और फीचर पर काम कर रहा है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, ये फीचर यूज़र्स के लिए ऑप्शनल होगा और फिलहाल इसे डेवलप किया जा रहा है. वॉट्सऐप ने हाल ही में चैट बैकअप के लिए एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन की पेशकश करके अपने मैसेज में एक नई सेफ्टी लेयर शामिल की है.

पॉपुलर टिपस्टर Wabetainfo के अनुसार, वॉट्सऐप अपने मैसेजिंग ऐप में वॉयस ट्रांसक्रिप्शन फीचर लाने की संभावना पर काम कर रहा है. इसका सीधा सा मतलब है कि जब फीचर को रोलआउट किया जाएगा तो ऐप वॉयस मैसेज को ट्रांसक्रिप्ट करना शुरू कर देगा. रिपोर्ट के मुताबिक, ‘हमने पहले ही एंड्रॉयड के लिए वॉट्सऐप पर थर्ड-पार्टी ऐप का इस्तेमाल करके चार महीने पहले आपके वॉयस मैसेज का ट्रांसक्रिप्शन प्राप्त करने की संभावना के बारे में बात की थी.

चूंकि वॉट्सऐप इस फीचर का सपोर्ट नहीं करता है, इसलिए एक अतिरिक्त ऐप की आवश्यकता थी, लेकिन अब चीजें बदल रही हैं क्योंकि अब हम घोषणा कर सकते हैं कि वॉट्सऐप वॉयस मैसेज ट्रांसक्रिप्शन पर काम कर रहा है.

कैसे काम करेगा ये फीचर?

वॉट्सऐप फीचर ट्रैकर कहता है कि ट्रांसक्रिप्शन प्राप्त करने के लिए आपके मैसेज वॉट्सऐप या फेसबुक सर्वर पर नहीं भेजे जाएंगे, लेकिन ऐपल स्पष्ट रूप से वॉयस ट्रांसक्रिप्शन फीचर प्रदान करता है. जबकि आपका वॉयस मैसेज ऐपल को अपनी स्पीच रिकग्निशन तकनीक को बेहतर बनाने में मदद करेगा, ये आपके नाम से नहीं जुड़ा होगा.

रिपोर्ट के अनुसार ये फीचर ऑप्शनल होगा, लेकिन अगर आप मैसेज को ट्रांसक्रिप्ट करने का निर्णय लेते हैं, तो आपको एक ख़ास परमिशन की जरूरत होगी.

रिपोर्ट से पता चलता है कि आपको अपने मैसेज को ट्रांसक्रिप्ट करने के लिए ऐप को खास परमिशन देनी होगी. स्क्रीनशॉट से पता चलता है कि ऐप के अंदर एक स्पेशल ट्रांसक्रिप्ट सेक्शन होगा. जहां आप अपनी वॉयस रिकॉर्डिंग पेस्ट कर सकते हैं और ट्रांसक्रिप्ट फीचर शुरू कर सकते हैं.

Wabetainfo ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि जब किसी मैसेज को पहली बार ट्रांसक्रिप्ट किया जाता है, तो उसका ट्रांसक्रिप्शन लोकल वॉट्सऐप डेटाबेस में सेव हो जाता है.इसलिए आपको बार-बार वॉयस मैसेज ट्रांसक्राइब नहीं करना पड़ेगा, क्योंकि डिटेल्स अपने आप डेटाबेस में सेव हो जाएंगे.