अनुच्छेद 370 के निरस्त होने के बाद कांग्रेस के वरिष्ठ नेता व सांसद राहुल गांधी वीरवार से जम्मू के दो दिवसीय दौरे पर आ रहे हैं. जम्मू एयरपोर्ट पर दोपहर 12.20 बजे पहुंचकर राहुल सीधे वैष्णो देवी की यात्रा के लिए निकलेंगे.

बता दें, वह पैदल ही यात्रा मार्ग से मां के भवन पहुंचेंगे और रात्रि में रुककर लाइव आरती में शामिल होंगे. अगले दिन शुक्रवार सुबह वह जम्मू के लिए रवाना होंगे, यहां जेके रिजार्ट में पार्टी की मजबूती के लिए कार्यकर्ताओं और नेताओं में जोश भरेंगे. जम्मू और कटड़ा में राहुल का जोरदार स्वागत किया जाएगा.

राहुल के दौरे से प्रदेश कांग्रेस में एकता दिखेगी. इसमें गुलाम नबी आजाद के खेमे और अन्य नेता एक साथ राहुल की तैयारियों में जुटे हुए हैं, जबकि इससे पहले पार्टी कार्यक्रमों से आजाद खेमा नदारद रहा है. पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रवींद्र शर्मा ने बताया कि राहुल वीरवार जम्मू पहुंचकर सीधे माता वैष्णो देवी की यात्रा के लिए निकल जाएंगे.

अगले दिन जम्मू में पार्टी कार्यकर्ताओं, नेताओं और सीमित शिष्टमंडलों से रूबरू होंगे। इस दौरान राष्ट्रीय मुद्रीकरण योजना, अनुच्छेद 370 सहित अन्य मुद्दों पर राहुल भाजपा को घेर सकते हैं. गुलाम नबी आजाद का दस सितंबर को पहुंचना प्रस्तावित है.

पैदल तेज चलने में माहिर हैं राहुल

कांग्रेस सांसद राहुल गांधी पैदल तेज चलने में माहिर हैं। उनके इस जोश को देखते हुए माता वैष्णो देवी की यात्रा के दौरान प्रदेश कांग्रेस की ओर से कई रिसीविंग समितियां बनाई गई हैं, जो यात्रा रूट पर विभिन्न बिंदुओं पर राहुल का स्वागत करेंगी. राहुल के साथ चलने के लिए कुछ युवा नेताओं को चिह्नित किया जा रहा है, जबकि पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेता तेज चलने में माहिर न होने के कारण उन्हें यात्रा रूट पर अलग-अलग जगह पर मिलेंगे.

बताया जाता है कि राहुल गांधी माता वैष्णो देवी के दरबार में पहुंचकर पैदल मार्ग से ही वापस नीचे आएंगे. यह उनकी श्रद्धा को भी दिखाता है कि वीवीआईपी होने के बावजूद वह पैदल ही भवन के लिए जा रहे हैं. इस दौरान राहुल गांधी यात्रा मार्ग पर तीर्थ यात्रियों के साथ अन्य लोगों से रूबरू हो सकते हैं.