देश में कोरोना वायरस संक्रमण के फैलने की रफ्तार का संकेत देने वाला ‘आर-वैल्यू’ अगस्त के पहले सप्ताह में एक से अधिक होने के बाद लगातार कम हो रहा है. यह जानकारी मैथेमैटिकल साइंसेस, चेन्नई के अनुसंधानकर्ताओं ने दी. अनुसंधान का नेतृत्व करने वाले एस. सिन्हा ने अपने आंकड़ों का उल्लेख करते हुए पीटीआई-भाषा से कहा, ‘भारत का ‘आर’ वैल्यू कम होकर करीब 0.9 हो गया है.

अगर ‘आर’ एक से कम है तो इसका मतलब है कि नये संक्रमित लोगों की संख्या पूर्ववर्ती अवधि में संक्रमित लोगों की संख्या से कम है और रोग के मामलों में कमी आ रही है. केरल का ‘आर-वैल्यू’ अब सात महीने के अंतराल के बाद 1 से नीचे है, जो राज्य में संक्रमण के स्तर को नीचे लाने के लिए संघर्ष कर रहे अधिकारियों के लिए राहत का संकेत है. केरल में देश में सबसे अधिक उपचाराधीन मामले हैं.

सिन्हा ने कहा कि ऐसा लगता है कि पूर्वोत्तर के राज्य अंतत: दूसरी लहर से बाहर आ गए हैं. अनुसंधानकर्ताओं द्वारा की गई गणना के अनुसार 14-16 अगस्त के बीच का ‘आर-वैल्यू’ अब 0.89 है. आंकड़ों से पता चलता है कि महाराष्ट्र के लिए ‘आर-वैल्यू’ 0.89 है जो अधिक मामलों वाला एक अन्य राज्य है. सिन्हा ने कहा कि हिमाचल प्रदेश का ‘आर वैल्यू’ 1 से ऊपर बना हुआ है, हालांकि पिछले कुछ दिनों में इसमें कमी आयी है. वहीं तमिलनाडु और उत्तराखंड का ‘आर वैल्यू’ अभी भी 1 के बहुत करीब है.